शहाबगंज (चंदौली)
थाना शहाबगंज पुलिस ने सोमवार को मुखबिर की सूचना पर केरायगांव में कार्रवाई करते हुए खंडहरनुमा मकान के छप्पर से क्रूरतापूर्वक बांधकर रखे गए दो गोवंशों को मुक्त कराया। पुलिस ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। मामले में गोवध निवारण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, 26 अक्टूबर 2026 को ग्राम केरायगांव में एक पुराने खंडहरनुमा मकान के छप्पर में दो गोवंश बंधे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद थाना शहाबगंज की टीम ने मौके पर पहुंचकर दोनों गोवंशों को मुक्त कराया और महाउद्दीन उर्फ महाऊ (56 वर्ष), निवासी केरायगांव, को गिरफ्तार कर लिया।
पैसे के लालच में गोवंश पकड़कर बिहार में बेचने का आरोप
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने गांव के बाहर तालाब के किनारे नया मकान बनवा लिया है और पुराने खंडहरनुमा मकान में नहीं रहता। आरोप है कि वह पैसों के लालच में छुट्टा गोवंशों को पकड़कर पुराने मकान के छप्पर में बांध देता था। इसके बाद पुलिस से बचने के लिए भोर में पैदल ही गोवंशों को बिहार ले जाकर बेच देता था।
पहले भी दर्ज है मुकदमा
पुलिस ने इस मामले में थाना शहाबगंज में मुकदमा संख्या 130/2026 के तहत गोवध निवारण अधिनियम की धारा 3/5ए/8 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की धारा 11 में अभियोग पंजीकृत किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ वर्ष 2007 में भी इसी प्रकार के अधिनियमों के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था।
थानाध्यक्ष के नेतृत्व में हुई कार्रवाई
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में थानाध्यक्ष अरुण प्रताप सिंह, उपनिरीक्षक राजेन्द्रनाथ सिंह, कमलाकान्त और शिवपूजन सिंह, हेड कांस्टेबल इरशाद अंसारी तथा कांस्टेबल अजय पटेल, रविरंजन यादव, नियाज अहमद और महिला कांस्टेबल नीतू भारती शामिल रहीं।
पुलिस की इस कार्रवाई में दो गोवंशों को मुक्त कराया गया। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।







