निरीक्षण के दौरान पुलिसकर्मियों ने बंदियों के सामान और झोलों की जांच की जिसमें कोई आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली अधिकारियों ने महिला बैरक, जेल अस्पताल और रसोईघर का भी जायजा लिया तथा तैयार हो रहे भोजन की गुणवत्ता परखी अधिकारियों ने जेल अस्पताल में भर्ती बंदियों का नियमित चिकित्सकीय परीक्षण कराने और जरूरत के अनुसार समय से दवाये उपलब्ध कराने के निर्देश दिये
साथ ही बंदियों को गुणवत्तापूर्ण भोजन समय से उपलब्ध कराने को कहा अधिकारियों ने बंदियों से उनकी विधिक सहायता संबंधी जरूरतों की जानकारी ली और पात्र बंदियों को जेल अधीक्षक के माध्यम से मानक के अनुसार विधिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
जेल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी देखी गई इस दौरान मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राहुल कुमार, प्रधान मजिस्ट्रेट किशोर न्याय बोर्ड विजय शंकर गौतम, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आनंद कुमार द्वितीय, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. कीर्ति कुमार मिश्रा, जेल अधीक्षक सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।







