वाराणसी, 1 नवंबर 2026।
बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका), वाराणसी के नागरिक सुरक्षा संगठन के स्वयंसेवकों का अहमदाबाद एवं केवड़िया में आयोजित लघु प्रशिक्षण शिविर सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। इस शिविर का प्रमुख आकर्षण 30 अक्टूबर 2026 को अहमदाबाद रेलवे यार्ड में रेल दुर्घटना के दौरान यात्रियों के बचाव एवं राहत कार्यों का सजीव प्रदर्शन रहा। इस अभ्यास के माध्यम से स्वयंसेवकों ने आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई, घायलों को सुरक्षित निकालने और प्राथमिक उपचार प्रदान करने की अपनी दक्षता का प्रदर्शन किया।
रेलवे यार्ड में आयोजित इस बचाव प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में यार्ड कर्मचारी उपस्थित रहे। अहमदाबाद रेलवे नागरिक सुरक्षा के चीफ इंचार्ज श्याम अग्रवाल अपनी टीम के साथ मौजूद रहे और उन्होंने बचाव कार्यों का अवलोकन किया।
*घायलों को निकालने की तकनीकों का किया प्रदर्शन*
प्रदर्शन के दौरान रेल दुर्घटना में डिब्बे के भीतर फंसे घायल यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने तथा उन्हें प्राथमिक उपचार देने की विभिन्न तकनीकों का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया। स्वयंसेवकों ने टू हैंड सीट, थ्री हैंड सीट, फायरमैन लिफ्ट, पीक-ए-बैक और ह्यूमन क्रच जैसी विधियों का उपयोग कर घायलों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने की प्रक्रिया प्रदर्शित की।
*डिब्बे में फंसे यात्री को बचाना रहा मुख्य आकर्षण*
बचाव अभ्यास का सबसे रोमांचक और महत्वपूर्ण दृश्य उस समय देखने को मिला, जब रेल डिब्बे के भीतर एक यात्री के फंसे होने की स्थिति का प्रदर्शन किया गया। स्वयंसेवकों ने निर्धारित बचाव प्रक्रिया के तहत डिब्बे से यात्री को बाहर निकालने तथा टू पैरेलल रोप ऑन स्ट्रेचर स्लाइडिंग तकनीक के माध्यम से स्ट्रेचर पर सुरक्षित नीचे उतारने का सजीव प्रदर्शन किया। इस अभ्यास ने आपदा की विषम परिस्थितियों में नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों के तकनीकी कौशल, समन्वय और तत्परता को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया।
*22 सदस्यीय दल ने लिया प्रशिक्षण में भाग*
बरेका नागरिक सुरक्षा संगठन के वरिष्ठ निरीक्षक सम्पूर्णानन्द मिश्रा के नेतृत्व में 22 सदस्यीय दल ने प्रशिक्षण शिविर एवं बचाव प्रदर्शन में भाग लिया। दल में नागरिक सुरक्षा प्रशिक्षक सुनील कुमार, श्री उमेश श्रीवास्तव, विद्या सागर पाण्डेय एवं अजय कुमार सहित अन्य स्वयंसेवक शामिल रहे।
यह प्रशिक्षण शिविर रेल दुर्घटनाओं जैसी आपातकालीन परिस्थितियों में राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने, व्यावहारिक दक्षता बढ़ाने तथा विभिन्न रेलवे इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हुआ। इस प्रकार के अभ्यास नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में मानवीय जीवन की रक्षा के लिए तत्पर, प्रशिक्षित एवं सक्षम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।







