केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए ‘उज्ज्वला योजना’ के तहत मिलने वाले अतिरिक्त सब्सिडी वाले गैस सिलेंडरों की संख्या घटाकर अब साल में सिर्फ 4 कर दी है.
सरकार का कहना है कि गैस की वास्तविक लागत और बिक्री मूल्य के बीच का अंतर काफी बढ़ गया है, जिससे तेल कंपनियों पर भारी वित्तीय बोझ पड़ रहा है.







