गाजीपुर।
होटल व्यवसायी विनीत राय हत्याकांड में फरार आरोपियों के खिलाफ अब जिला प्रशासन ने भी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। प्रशासन ने आरबीओ एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपियों के मकानों की जांच कराई, जिसमें कई निर्माण बिना स्वीकृत नक्शे के पाए गए। इसके बाद संबंधित लोगों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।
प्रशासन की कार्रवाई की जद में एनकाउंटर में मारे गए एक लाख रुपये के इनामी आरोपी कमलेश चौधरी के भाई संजय के नाम से बना मकान भी आया है। जांच में भवन को नियमों के विपरीत निर्मित पाए जाने पर नोटिस जारी की गई है। निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब न मिलने पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जा सकती है।
हत्याकांड में नामजद तीनों फरार आरोपियों के घरों पर भी नोटिस चस्पा कर दी गई है। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने कहा कि यह कार्रवाई पूरी तरह कानून और आरबीओ एक्ट के प्रावधानों के तहत की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मामले को जातीय रंग देने की कोशिश करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई होगी।
डीएम ने कहा कि विनियमित क्षेत्र में भवन निर्माण के लिए नक्शा स्वीकृत कराना अनिवार्य है। जिन लोगों को नोटिस जारी हुई है, उनके मामलों में नियमानुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन के इस कदम से हत्याकांड के आरोपियों और उनके सहयोगियों में हड़कंप मचा हुआ है।







