वाराणसी
मांस की दुकानों को शहर की सीमा से बाहर स्थानांतरित करने के महापौर के प्रस्तावित निर्णय का समर्थन करते हुए समाजवादी नेता मो. ज़ीशान अंसारी ने जिलाधिकारी वाराणसी को ज्ञापन सौंपकर शराब की दुकानों, बार तथा मांसाहारी भोजन परोसने वाले होटलों और रेस्टोरेंटों को भी शहर से बाहर स्थानांतरित किए जाने की मांग की है।
ज्ञापन में कहा गया है कि महापौर द्वारा शहर की स्वच्छता और सुव्यवस्था को ध्यान में रखते हुए मांस की दुकानों को नगर क्षेत्र से बाहर करने का निर्णय स्वागत योग्य है और इससे शहर का वातावरण बेहतर होगा। हालांकि, यदि व्यवस्था और स्वच्छता के आधार पर मांस की दुकानों को हटाया जा रहा है तो यही नियम शराब की दुकानों, बार और नॉनवेज होटल-रेस्टोरेंटों पर भी लागू होना चाहिए।

मो. ज़ीशान अंसारी ने कहा कि शहर के बीचों-बीच संचालित शराब की दुकानों और बार के कारण देर रात तक हुड़दंग, छेड़खानी और अन्य असामाजिक गतिविधियों की शिकायतें सामने आती हैं,
जिससे महिलाओं, बच्चों और आम नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने मांग की कि शहर के भीतर संचालित सभी देशी-विदेशी शराब की दुकानों और बार के लाइसेंस निरस्त कर उन्हें नगर निगम सीमा से बाहर स्थानांतरित किया जाए।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि जिन होटलों और रेस्टोरेंटों में मांसाहारी भोजन परोसा जाता है, उन्हें भी आवासीय और व्यावसायिक क्षेत्रों से हटाकर शहर के बाहर निर्धारित ज़ोन में स्थापित किया जाए। उनका कहना है कि कानून और व्यवस्था के मानक सभी के लिए समान होने चाहिए।
समाजवादी विचारधारा का हवाला देते हुए मो. ज़ीशान अंसारी ने जनहित में इस मामले पर तत्काल संज्ञान लेकर संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की है।







