मुंबई।
बॉम्बे हाईकोर्ट ने अभिनेता एवं पूर्व सांसद शत्रुघ्न सिन्हा के पक्ष में अहम अंतरिम आदेश जारी करते हुए उनके नाम, छवि, आवाज़ और प्रसिद्ध संवाद शैली के अनधिकृत इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। अदालत ने साफ कहा है कि बिना सहमति इस तरह का उपयोग क़ानूनी रूप से स्वीकार्य नहीं है।
कोर्ट ने डिजिटल प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया से ऐसे सभी वीडियो, ऑडियो और अन्य सामग्री को तुरंत हटाने का निर्देश दिया है, जिनमें अभिनेता की पहचान या उनकी मशहूर शैली ‘खामोश’ का इस्तेमाल किया गया हो। इसके साथ ही भविष्य में भी इस तरह की सामग्री अपलोड करने पर प्रतिबंध लगाया गया है।
न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि शत्रुघ्न सिन्हा की बोलने की अनोखी शैली और संवाद अदायगी उनकी व्यक्तिगत पहचान का हिस्सा है, जिसे व्यावसायिक लाभ के लिए इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। अदालत के अनुसार, यह मामला व्यक्तित्व अधिकारों (Personality Rights) और निजता के उल्लंघन से जुड़ा है।
कोर्ट ने यह भी टिप्पणी की कि तकनीक के दौर में किसी प्रसिद्ध व्यक्ति की पहचान का दुरुपयोग तेजी से बढ़ रहा है, जिससे सख्ती से निपटना ज़रूरी है। मामले की अगली सुनवाई के लिए 30 मार्च की तारीख तय की गई है।







