वाराणसी एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार के नेतृत्व में लंका पुलिस ने बुधवार को पशु तस्करी में लिप्त छह शातिर तस्करों को धर-दबोचा। सभी आरोपियों पर पहले से ही ₹25,000 का इनाम घोषित था। पुलिस ने इन पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई कर जेल भेज दिया है। इस सफल कार्रवाई पर डीसीपी काशी ने टीम को ₹25,000 का अतिरिक्त इनाम देने की घोषणा की।
एसीपी गौरव कुमार की निगरानी में फंसे तस्कर
एसीपी गौरव कुमार ने बताया कि ये सभी आरोपी छोटी गाड़ियों में गोवंशों की तस्करी करते थे। गिरोह वाराणसी और आसपास के क्षेत्रों से पशुओं को पकड़कर बिहार तक सप्लाई करता था। लगातार शिकायतें और खुफिया इनपुट के आधार पर पुलिस ने इन पर निगरानी बढ़ाई थी। बुधवार को तड़के छापेमारी में सभी को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपी:
1. सुनील यादव उर्फ राजू
2. शंकर यादव (न्यू कॉलोनी, छोटी पटिया, बरेका ककरमत्ता, भेलूपुर)
3. रतनलाल राजभर (ग्राम खनाव बच्छाव, रोहनिया)
4. भोला यादव उर्फ विजय शंकर यादव (नेवादा सुंदरपुर, चितईपुर)
5. सत्यपाल सिंह (ग्राम बैरमपुर, थाना अहरौरा, मिर्जापुर)
6. शुभम भारती (टिकरी, चितईपुर)
7. तुलसी प्रसाद (नारायनपुर, डाफी, लंका)
एसीपी बोले — “गोवंश तस्करी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा”
एसीपी गौरव कुमार ने स्पष्ट कहा कि “जिले में गोवंश तस्करी या किसी भी प्रकार का अवैध पशु व्यापार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जो भी इस नेटवर्क से जुड़ा है, उसे जल्द पुलिस की गिरफ्त में लाया जाएगा। हम पूरे गिरोह की जड़ तक पहुंचने के लिए काम कर रहे हैं।”
जून माह में तत्कालीन चौकी प्रभारी रमना नवीन चतुर्वेदी ने इन्हीं तस्करों को गोवंशों के साथ पकड़ा था। जमानत पर बाहर आने के बाद भी ये तस्कर फिर से सक्रिय हो गए थे। इसके बाद एसीपी गौरव कुमार ने इनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई का आदेश दिया।







