वाराणसी /
शुक्रवार को जहाँ एक तरफ पूरे प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का 54वां जन्मदिन केक काटकर मनाया जा रहा था वहीं काशी के विप्र समाज के बटुकों ने वेद मंत्रों का पाठ करते हुए आशीर्वाद दिया। इसके बाद मीठाईयाँ भी बाटी। कार्यक्रम संयोजक भाजपा नेता व विप्र समाज के अध्यक्ष डा. पवन शुक्ला ने इस मौक़े पर सम्बोधित करते हुए कहा
कि हिंदुत्व के पुरोधा कहे जाने वाले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरक्षपीठ के महंत से लेकर कुशल राजनीतिज्ञ बनकर उभरे हैं। गोरक्षपीठ के कठिन प्रबंधन की जिम्मेदारी को निभाते हुए प्रदेश के विकास में रोड़ा बनने वाले माफियाओं के मंसूबे को बुलडोजर से ध्वस्त कर इन्होंनें विकास की राह में आने वाली बाधाओं के चक्रव्यूह को तोड़ दिया है।

डा. पवन शुक्ला ने बोला कि परिवार को छोड़कर संत बनने, संत से गोरक्षपीठ के उत्तराधिकारी और फिर सांसद से दूसरी बार प्रदेश के सफल मुख्यमंत्री बनने के सफल सात साल बीतने के बाद तक के उनके सियासी सफर के बीच उन्होंने जीवन में कई उतार-चढ़ाव भी देखे।
कठिन दिनचर्या और आक्रामक तेवर के बीच उन्हें जेल भी जाना पड़ा, लेकिन वे डिगे नहीं। पूरे प्रदेश में संस्कृत के विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति की योजना लागू करना विप्र समाज के लिए दूरदर्शी कदम है। इस अवसर पर काफ़ी संख्या में बटुक विद्यार्थी भी शामिल थे।







