कानपुर गैंगरेप कांड में 4 दिन बाद पीड़िता के बयान कोर्ट में दर्ज हुए। 30 मिनट तक जज दरिंदगी की कहानी सुनते रहे। फिर उन्होंने सुबक रही पीड़िता की तरफ देखकर कहा- इंसाफ होगा।
एक दिन पहले कोर्ट ने पुलिस को फटकार लगाई थी कि लड़की 14 साल की है, मगर केस को पॉक्सो एक्ट में दर्ज नहीं किया गया। इसके बाद कानपुर पुलिस ने FIR में गैंगरेप, किडनैपिंग के साथ पॉक्सो एक्ट बढ़ा दिया।
रेप करने के आरोपी दरोगा अमित कुमार मौर्य पर शनिवार को पुलिस कमिश्नर ने 50 हजार का इनाम घोषित किया। दरोगा अमित को ढूंढते हुए पुलिस गोरखपुर पहुंची, मगर वो वहां से निकल भाग चुका था। कोर्ट में बयान के बाद पीड़िता को उसके भाई के साथ घर भेजा गया है, मगर घर में भी पीड़िता को सुरक्षा दी गई है। इस मामले में सियासत भी शुरू हो गई है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय पीड़िता से मिलने आ सकते हैं।
ये भी सामने आया कि पूरे मामले में कानपुर पुलिस ने आरोपी दरोगा अमित कुमार को भागने के लिए पर्याप्त वक्त दिया, वरना उसकी अरेस्टिंग पहले ही हो सकती थी। पूरे मामले में 9 जनवरी को कमिश्नर रघुबीर लाल ने ACP पनकी शिखर कुमार को लाइन हाजिर कर दिया। वहीं, भीमसेन चौकी इंचार्ज दिनेश कुमार को सस्पेंड किया गया।
रिपोर्ट विजयलक्ष्मी तिवारी







