जौनपुर। भारी वर्षा के बीच जिलाधिकारी सैमुअल पाल एन. ने देर रात जनपद के विभिन्न प्रमुख स्थानों का स्थलीय निरीक्षण कर जलभराव, जल निकासी, गोमती नदी के जलस्तर, साफ-सफाई और नागरिक सुविधाओं का जायजा लिया। डीएम के अचानक निरीक्षण से संबंधित अधिकारियों में भी सक्रियता देखने को मिली।
जिलाधिकारी ने मुख्य राजस्व अधिकारी अजय अम्बष्ठ, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका सहित अन्य अधिकारियों के साथ कलेक्ट्रेट, पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस, हनुमान मंदिर के समीप, पॉलिटेक्निक चौराहा, बदलापुर पड़ाव, ओलन्दगंज स्थित राजा साहब की बिल्डिंग तथा गोमती नदी क्षेत्र का निरीक्षण किया।

डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भारी बारिश को देखते हुए जल निकासी व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जाए और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जर्जर भवनों पर भी डीएम की सख्ती
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने शहर में स्थित जर्जर भवनों की स्थिति का भी जायजा लिया। उन्होंने नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी को चिन्हित जर्जर भवनों के संबंध में तत्काल नोटिस जारी कर विधिक प्रक्रिया के तहत सुरक्षित ध्वस्तीकरण की कार्रवाई जल्द पूरी करने के निर्देश दिए। साथ ही जर्जर भवनों में रह रहे लोगों की सुरक्षा के लिए आवश्यक वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
गोमती का जलस्तर सामान्य, सफाई पर जताई नाराजगी
जिलाधिकारी ने गोमती नदी के जलस्तर का भी निरीक्षण किया। देर रात निरीक्षण के दौरान गोमती नदी का जलस्तर सामान्य पाया गया। वहीं शहर के कुछ स्थानों पर साफ-सफाई की स्थिति संतोषजनक नहीं मिलने पर डीएम ने अधिशासी अधिकारी के प्रति नाराजगी जताई और तत्काल व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि आगामी दुर्गा पूजा पर्व को देखते हुए शहर की स्वच्छता व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सड़कों पर घूम रहे आवारा पशुओं पर भी कार्रवाई के निर्देश
सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर घूम रहे आवारा पशुओं को लेकर भी जिलाधिकारी ने कड़े निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवारा पशुओं को तत्काल पकड़कर गौशालाओं में संरक्षित कराने की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
देर रात जिलाधिकारी के इस निरीक्षण से साफ है कि भारी बारिश के बीच जलभराव, जर्जर भवन, सफाई और आवारा पशुओं को लेकर प्रशासन ने निगरानी और कार्रवाई तेज कर दी है।







