चंदौली
शहाबगंज किड़िहिरा गांव ने रविवार को वह मंजर देखा, जिसे शायद ही कोई कभी भूल पाए। कुएं में जहरीली गैस की चपेट में आकर जान गंवाने वाले तौकीर आलम, आखिल जमा और वारिस अली को नम आंखों के बीच सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।
एक साथ तीन जनाजे उठे तो गांव की गलियां सिसक उठीं। घरों से उठती चीख-पुकार और अपनों को खोने का दर्द हर चेहरे पर दिखाई दे रहा था। जनाजे में शामिल लोगों की आंखें नम थीं। परिजनों का विलाप देखकर हर किसी का कलेजा कांप उठा।
पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया था। रविवार दोपहर बड़ी संख्या में ग्रामीणों की मौजूदगी में तीनों मृतकों को अंतिम विदाई दी गई। हादसे में घायल समशेर मेराज का उपचार अभी जारी है।
एक ही हादसे में तीन जिंदगियां खत्म होने से किड़िहिरा गांव में मातम पसरा है। प्रशासन ने पीड़ित परिवारों को हरसंभव मदद का भरोसा दिया है।
रिपोर्ट – मोहम्मद तस्लीम







