चकिया (चंदौली)
सावित्री बाई फुले राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, चकिया में शुक्रवार को नव प्रवेशित छात्र-छात्राओं के लिए ‘दीक्षारंभ-2026’ कार्यक्रम का गरिमामय आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय की प्राचार्य प्रो. संगीता सिन्हा ने की।
कार्यक्रम का शुभारंभ माता सरस्वती के तैल चित्र पर दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण के साथ हुआ।
कार्यक्रम में प्राचार्य प्रो. संगीता सिन्हा, प्रवेश प्रभारी डॉ. सरवन कुमार यादव, आईक्यूएसी प्रभारी डॉ. मिथिलेश कुमार सिंह तथा वरिष्ठ प्राध्यापकों ने नवागंतुक विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें महाविद्यालय की शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों से अवगत कराया।
आईक्यूएसी प्रभारी डॉ. मिथिलेश कुमार सिंह ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अंतर्गत लागू क्रेडिट आधारित सेमेस्टर प्रणाली, पाठ्यक्रम की संरचना, परीक्षा प्रणाली एवं शैक्षणिक प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी।
इसके बाद सभी विभागाध्यक्षों एवं प्राध्यापकों ने अपने-अपने विभागों की सुविधाओं, शैक्षणिक गतिविधियों और उपयोगिता पर प्रकाश डाला।
विद्यार्थियों को महाविद्यालय में संचालित राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS), रोवर्स-रेंजर्स, छात्रवृत्ति योजना, सांस्कृतिक परिषद, पर्यावरण परिषद एवं क्रीड़ा परिषद जैसी गतिविधियों की जानकारी भी दी गई, ताकि वे अपनी प्रतिभा का विकास कर इन योजनाओं का अधिकतम लाभ उठा सकें।
अपने प्रेरणादायी संबोधन में प्राचार्य प्रो. संगीता सिन्हा ने कहा कि अनुशासन, ईमानदारी, नियमित अध्ययन, तकनीकी दक्षता और सकारात्मक सोच ही सफलता की सबसे मजबूत नींव हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का आह्वान करते हुए आश्वस्त किया कि महाविद्यालय परिवार उनके सर्वांगीण विकास एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए हर समय मार्गदर्शन और सहयोग प्रदान करेगा।
कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ. रमाकांत गौड़ ने किया।
इस अवसर पर डॉ. कलावती, डॉ. प्रियंका पटेल, पवन कुमार सिंह, डॉ. अमिता सिंह, डॉ. संतोष कुमार यादव, डॉ. शमशेर बहादुर, डॉ. सुरेन्द्र कुमार सिंह, विश्व प्रकाश शुक्ल, डॉ. अंकिता सती, डॉ. रोहित यादव, समरजीत राकेश, देवेन्द्र बहादुर सिंह सहित महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापक, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में नव प्रवेशित छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
रिपोर्ट – आलिम हाशमी







