“यातायात व्यवस्था में सुधार एक सतत प्रक्रिया है । अतिक्रमण, अवैध पार्किंग एवं यातायात नियमों के उल्लंघन के विरुद्ध नियमित एवं प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जाए । साथ ही, किसी भी प्रकार की यातायात समस्या पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आमजन को सुगम एवं सुरक्षित यातायात व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए”- पुलिस आयुक्त ।
पुलिस आयुक्त महोदय द्वारा शहर क्षेत्र का भ्रमण कर यातायात व्यवस्था एवं पुलिस प्रबन्धों का स्थलीय निरीक्षण किया गया ।
भ्रमण के दौरान शहर में यातायात के सुचारु एवं निर्बाध संचालन, प्रमुख मार्गों पर जाम की स्थिति, अतिक्रमण तथा सड़क किनारे अनियमित पार्किंग आदि का जायजा लिया गया तथा सम्बन्धित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए ।

निरीक्षण के दौरान प्रमुख निर्देश—
1. यातायात व्यवस्था का प्रभावी संचालन-
पुलिस आयुक्त द्वारा प्रमुख चौराहों, मार्गों एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों का निरीक्षण करते हुए यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए गए । यातायात पुलिसकर्मियों को अपने-अपने निर्धारित प्वाइंट पर सतर्कतापूर्वक ड्यूटी करने तथा यातायात के दबाव के अनुसार आवश्यकतानुसार पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने हेतु निर्देशित किया गया।
2. अतिक्रमण के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही-
शहर के प्रमुख मार्गों एवं बाजार क्षेत्रों में सड़क/फुटपाथ पर किए गए अतिक्रमण को यातायात व्यवस्था में बाधक बताते हुए उसके विरुद्ध प्रभावी एवं निरन्तर कार्यवाही किए जाने के निर्देश दिए गए । स्थानीय पुलिस एवं यातायात पुलिस द्वारा सम्बन्धित विभागों के समन्वय से अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये ।
3. अवैध पार्किंग पर नियंत्रण-
प्रमुख मार्गों एवं चौराहों के आसपास अनियमित एवं अवैध रूप से वाहनों की पार्किंग के कारण उत्पन्न होने वाली यातायात समस्या को दृष्टिगत रखते हुए प्रभावी कार्यवाही के निर्देश दिए गए । नो-पार्किंग जोन में खड़े वाहनों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये ।
4. यातायात नियमों का कड़ाई से पालन-
यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई किए जाने तथा विशेष रूप से गलत दिशा में वाहन चलाने, नो-पार्किंग, रेड लाइट उल्लंघन एवं अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर कार्यवाही के निर्देश दिए गए ।
5. प्रमुख चौराहों एवं संवेदनशील स्थानों पर सतर्कता-
अधिक यातायात दबाव वाले चौराहों एवं मार्गों पर पुलिस एवं यातायात कर्मियों की सक्रिय उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा यातायात के दबाव के अनुसार तत्काल आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
6. जाम की स्थिति में त्वरित रिस्पॉन्स-
किसी भी स्थान पर यातायात बाधित होने अथवा जाम की स्थिति उत्पन्न होने पर सम्बन्धित पुलिस एवं यातायात कर्मियों को तत्काल मौके पर पहुंचकर यातायात को सामान्य कराने के निर्देश दिए गए । यातायात संचालन में अनावश्यक विलम्ब न हो, इसका विशेष ध्यान रखने को कहा गया।
7. विभागीय समन्वय पर जोर-
शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए यातायात पुलिस, स्थानीय पुलिस एवं सम्बन्धित विभागों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित कर संयुक्त रूप से आवश्यक कार्यवाही किए जाने के निर्देश दिए गए।
8. आमजन की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता-
पुलिस आयुक्त द्वारा निर्देशित किया गया कि शहर की यातायात व्यवस्था ऐसी हो, जिससे आमजन, स्थानीय नागरिकों, व्यापारियों एवं बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं/पर्यटकों को आवागमन में न्यूनतम असुविधा हो तथा यातायात का संचालन सुरक्षित, सुगम एवं व्यवस्थित ढंग से सुनिश्चित किया जाए।

दिनांक 10.09.2026 को पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी मोहित अग्रवाल द्वारा शहर क्षेत्र का भ्रमण कर यातायात व्यवस्था एवं पुलिस प्रबन्धों का स्थलीय निरीक्षण किया गया। भ्रमण के दौरान प्रमुख चौराहों, मार्गों एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में यातायात संचालन, जाम की स्थिति, अतिक्रमण तथा अनियमित पार्किंग का जायजा लिया गया।
पुलिस आयुक्त ने यातायात व्यवस्था को सुचारु एवं निर्बाध बनाए रखने हेतु यातायात पुलिसकर्मियों को निर्धारित प्वाइंटों पर सतर्कतापूर्वक ड्यूटी करने तथा यातायात दबाव के अनुसार आवश्यक पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए। सड़क एवं फुटपाथ पर किए गए अतिक्रमण के विरुद्ध स्थानीय पुलिस, यातायात पुलिस एवं सम्बन्धित विभागों के समन्वय से प्रभावी एवं निरन्तर कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा गया।
नो-पार्किंग एवं अनियमित पार्किंग तथा गलत दिशा में वाहन चलाने, रेड लाइट उल्लंघन सहित अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए गए। साथ ही, अधिक यातायात दबाव वाले स्थानों पर सक्रिय पुलिस उपस्थिति, जाम की स्थिति में त्वरित रिस्पॉन्स एवं यातायात सामान्य कराने तथा विभागीय समन्वय को प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
पुलिस आयुक्त ने कहा कि यातायात व्यवस्था में सुधार एक सतत प्रक्रिया है और आमजन, श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों को सुरक्षित, सुगम एवं व्यवस्थित आवागमन उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है।








