लोहता:
दसवीं मुहर्रम यानि यौम-ए-आशूरा पर शुक्रवार को लोहता में इमाम हुसैन की शहादत को याद किया गया। इमाम चौक से बड़ी बाजार होते हुए भट्ठी स्थित बड़ी ईदगाह कर्बला तक ताजियादारों ने जुलूस निकाला, जहां ‘या हुसैन’ की सदाओं के बीच ताजियों को भट्ठी गांव बड़ी ईदगाह में सुपुर्द-ए-खाक किया गया।

लोहता के हरपालपुर, धनीपुर, महमूदपुर, धमरिया, अलावल आदि गांवों से कई ताजिया जुलूस में शामिल हुए। गली-मोहल्लों से ढोल, नगाड़े व ताशे की धुन पर ताजिए निकाले गए और करतब भी दिखाए गए। शाम ढलते ही ताजिए को नीचे रखकर मगरिब की नमाज अदा की गई।
प्रधान पति इम्तियाज हाशमी ने कहा इमाम हुसैन की कुर्बानी इंसानियत और सच्चाई का पैगाम देती है। लोहता में हर मजहब के लोग मिलजुल कर मोहर्रम मनाते हैं, यही हमारी गंगा-जमुनी तहजीब की पहचान है। प्रशासन का सहयोग सराहनीय रहा।

जुलूस को शांतिपूर्ण संपन्न कराने के लिए आरआरएफ फोर्स के साथ स्थानीय पुलिस मुस्तैद रही। सुरक्षा की दृष्टि से एसीपी रोहनिया अवधेश विश्वकर्मा व लोहता थाना अध्यक्ष दिगम्बर उपाध्याय अपने पुलिस बल के साथ पूरे समय मौजूद रहे।
जुलूस से पहले विद्युत आपूर्ति रोकी गई और वाराणसी-भदोही मुख्य मार्ग पर आवागमन बंद रखा गया। भीड़ में एक एम्बुलेंस को निकालने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
इस दौरान थानाध्यक्ष दिगम्बर उपाध्याय, कस्बा इंचार्ज ऋतुराज सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर तैनात रहे।







