पहाड़ी ब्लॉक समेत जिले के विद्यालय संचालन कर्ताओ पर नही है इन आदेश का अशर,आखिर शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर क्यो भारी पड़ रहे है विद्यालय संचालन कर्ता, जब विद्यालय संचालन कर्ताओ पर नही है इस आदेश का असर तो फिर शिक्षा विभाग के उच्चाधिकारियों के इन आदेशो का क्या है महत्व।

एबीएसए भी नही ले रहे है। उक्त आदेश को जिम्मेदारी से प्रत्येक ब्लॉकों में कितने प्राइवेट स्कूल वगैर मानक व वगैर मान्यता के संचालित हो रहे उनके खिलाफ भी नही हो रही है कार्यवाही,आखिर ऐसा क्यों। क्या वास्तव में शिक्षा विभाग के अधिकारियों के ऊपर विद्यालय संचालन कर्ता भारी पड़ रहे है।







