वाराणसी भिखारीपुर चौकी प्रभारी पति-पत्नी के रिश्ते बिगड़ने से बचा लिया।
चौकी प्रभारी दोनों पक्ष को अपने पास बैठाकर लड़की और लड़कों का बारी-बारी से सवाल जवाब किया। दोनों की बात सुनने के बाद अपने नैतिकता को उन दोनों के दिमाग में निष्ठा और कर्तव्यों का तकरीबन 40 मिनट मे दोनों को समझाने के बाद दोनों के दिमाग में जो मेच्योरिटी खत्म हो चुकी थी, सामाजिक नैतिकता का प्रभारी जी ने प्रकाश डालते हुए
लड़के और लड़की को समझाया तब जाकर दोनों खुशी मन से बिना किसी के जोर दबाव से आपस में एक हुए।
भिखारीपुर चौकी प्रभारी, उस वक्त अपने ज्ञान का परिचय देते हुए जितने संभ्रांत लोग लड़की के पक्ष से आए हुए, सभी की दिमाग को खोल दिए, और किसी को बोलने का मौका ही नहीं दिये। आज बनारस जनपद पुलिस विभाग मे 100 में से कोई ना कोई पुलिस बनकर नही एक अध्यापक बनकर शिक्षा के माध्यम से उजड़ते हुए घर को बिगड़ने से बचा लेते हैं ऐसे पुलिस विभाग पर जनता का विश्वास बना रहता है।
रिपोर्ट – जगदीश शुक्ला







