चहनियां / चंदौली अगस्तीपुर चौराहे (चट्टी) पर जल निकासी की समुचित व्यवस्था न होने शुक्रवार को आक्रोशित ग्रामीणों और स्थानीय दुकानदारों ने प्रदर्शन किया शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों का आरोप है कि अगस्तीपुर चौराहे पर वर्षों से सीवर नाली का निर्माण नहीं कराया गया है। इसके चलते घरों और दुकानों का गंदा पानी सड़कों पर फैल रहा है।
आलम यह है कि मुख्य मार्ग गहरे गड्ढों में तब्दील हो चुका है, जहाँ हर समय कीचड़ और बदबूदार पानी जमा रहता है। इस चौराहे से प्रतिदिन हजारों की संख्या में स्कूली बच्चे, कोचिंग छात्र और राहगीर गुजरते हैं। मजीदहा बाजार और जिला मुख्यालय को जोड़ने वाला यह मुख्य मार्ग होने के कारण यहाँ भारी आवाजाही रहती है ।
जलजमाव के कारण आए दिन राहगीर और साइकिल सवार गिरकर चोटिल हो रहे हैं। कीचड़ की वजह से ठेला-खुमचा लगाने वाले गरीबों की रोजी-रोटी ठप हो गई है। जमा पानी से उठने वाली बदबू और मच्छरों के प्रकोप से संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।
तेज रफ्तार चार पहिया वाहनों के गुजरने पर गंदा पानी दुकानों और घरों के भीतर तक चला जाता है। प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सीवर नाली का निर्माण और सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई, तो वे चक्का जाम और उग्र आंदोलन को बाध्य होंगे।
प्रदर्शन करने वालों में मुख्य रूप से महेंद्र, लक्ष्मी, अनीता, उर्मिला, राजकुमार, गोविंदा,प्रदुम कुमार, संतोष सोनकर, राजू कनौजिया आदि रहे।







