चंदौली सैदुपूर
निर्भयदास स्थित दृष्टि डिजिटल लाइब्रेरी में संविधान दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर अध्ययनरत छात्र-छात्राओं ने कार्यक्रम में सक्रिय रूप से भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत लाइब्रेरी के प्रबंधक रिंकू सोनकर, पत्रकार अरुण कुमार और आशु पाल ने सामूहिक रूप से बाबा साहब भीमराव अंबेडकर के चित्र पर माल्यार्पण कर की।
प्रबंधक रिंकू सोनकर ने अपने संबोधन में बताया कि 26 नवंबर 1949 को भारत का संविधान अपनाया गया था। उन्होंने कहा कि यह संविधान हमें स्वतंत्रता, समानता और न्याय पर आधारित एक देश के रूप में स्थापित करता है।
पत्रकार अरुण कुमार ने भारतीय संविधान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह हम सभी के जीवन को सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक और धार्मिक रूप से सशक्त करने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है।
उन्होंने छात्रों को अपने अधिकारों और जिम्मेदारियों को समझने तथा उनका पालन करने के लिए प्रेरित किया।
आशु पाल ने शिक्षा के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही एकमात्र ऐसा माध्यम है जिससे व्यक्ति अपने लक्ष्यों को प्राप्त कर सकता है, और इसलिए छात्रों को प्रतिदिन अध्ययन करते रहना चाहिए
।इस अवसर पर द्रविड़ कुमार, विकास कुमार, कांशी राम, शशिकांत भारती, गोलू यादव, मनीष यादव, राहुल गुप्ता, आरती कुमारी, स्वाति मौर्य, श्रेया सिंह, सुमन यादव,मुकेश कुमार, अतुल कुमार लाल, राघवेंद्र पाल, अमित कुमार सहित दर्जनों छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
रिपोर्ट – अलीम हाशमी







