जमानिया (गाजीपुर) विंध्य एक्सप्रेसवे सड़क निर्माण परियोजना के तहत अधिग्रहित की जा रही जमीनों का उचित मुआवजा न मिलने और सर्किल रेट निर्धारण में भारी विसंगतियों को लेकर स्थानीय किसानों में भारी आक्रोश व्याप्त है। मौजा- अभईपुर, गहरपुरा, रजवाबांध और चौधरीपुर के मूल कास्तकारों ने अपनी बहुमूल्य भूमि सरकार को देने से इंकार करते हुए कड़ा विरोध जताया है। इस संबंध में किसानों ने एकजुट होकर जमानिया उपजिलाधिकारी (एसडीएम) जमानिया को एक ज्ञापन/पत्र सौंपा है।
किसानों का आरोप है कि प्रशासन द्वारा उनकी जमीनों का मूल्य आम कृषि दर के बहुत नीचे और सरकार द्वारा निर्धारित सर्किल रेट से बेहद कम तय किया गया है, जो कि पूरी तरह से अनुचित है।प्रभावित मौजों की जमीनें पक्की सड़क, बैंक, अस्पताल, विद्यालय और आवासीय क्षेत्रों के नजदीक स्थित हैं। किसानों की मांग है
कि इन जमीनों का मुआवजा साधारण कृषि दर के बजाय वर्तमान बाजार मूल्य और क्षेत्र के वास्तविक महत्व (आवासीय/व्यावसायिक सर्किल रेट) के आधार पर तय किया जाना चाहिए।
उचित और न्यायसंगत मुआवजा सुनिश्चित न होने तक किसानों ने अपनी जमीनें सड़क निर्माण के लिए देने से साफ इंकार कर दिया है।किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि सर्किल रेट का पुनरीक्षण कर जमीनों का वास्तविक और उचित मुआवजा तय किया जाए, ताकि अन्नदाता किसानों के साथ किसी प्रकार का आर्थिक अन्याय न हो।







