अंतरराष्ट्रीय मंच पर चमकी “काशी की खुशी”: श्रीलंका में बढ़ाया देश का मान, वाराणसी पहुँचने पर हुआ भव्य स्वागत

Picture of Shauryanewsindia220@gmail.com

Shauryanewsindia220@gmail.com

FOLLOW US:

Share

बाबतपुर- काशी की होनहार बेटी खुशी कपूर ने श्रीलंका के कोलंबो में आयोजित 40वीं ‘इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस ऑफ सीए स्टूडेंट्स’ में भारत का प्रतिनिधित्व कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश और काशी का नाम रोशन किया है। रविवार को इंडिगो के विमान से लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (बाबतपुर) पहुँचने पर परिजनों और ढोल-नगाड़ों के साथ लोगों ने उनका जोरदार स्वागत किया।

‘साउथ एशिया का अपना बिग फोर बने’ — दिया नया विज़न

एसएएफए (SAFA) स्टूडेंट एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत चुनी गईं खुशी ने ‘स्टूडेंट पैनल डिस्कशन’ में भारत की तरफ से मुख्य पैनलिस्ट की भूमिका निभाई। श्रीलंका, नेपाल, बांग्लादेश और पाकिस्तान के छात्र प्रतिनिधियों के बीच उन्होंने सीए स्टूडेंट्स के करियर और साउथ एशिया के भविष्य पर बेबाक विचार रखे। खुशी ने कहा कि युवाओं को सिर्फ वैश्विक ‘बिग फोर’ (Big 4) फर्मों का हिस्सा बनने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि यह सोचना चाहिए कि “साउथ एशिया से अपना बिग फोर कैसे खड़ा किया जाए।”

पीएम मोदी और कौटिल्य की सोच का किया जिक्र

अपने संबोधन में खुशी ने काशी की प्राचीन ज्ञान परंपरा का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वाराणसी से जुड़ाव का संदर्भ दिया। साथ ही, उन्होंने कौटिल्य के अर्थशास्त्र और दूरदर्शी नेतृत्व की परंपरा को आज की युवा पीढ़ी की सोच से जोड़कर अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों की दाद बटोरी।

पारिवारिक पृष्ठभूमि

खुशी एक प्रतिष्ठित व्यावसायिक परिवार से आती हैं। उनके पिता विशाल कपूर बीपीसीएल के ‘चांद फिलिंग स्टेशन’ का संचालन करते हैं, जबकि मां ईशा कपूर ‘वोमनिया बाई ईशा कपूर’ की संचालिका हैं। उनकी छोटी बहन जान्हवी कपूर भी उनके इस सफर में निरंतर प्रेरणा बनी हुई हैं।

काशी से निकली खुशी कपूर ने अपनी इस ऐतिहासिक उपलब्धि से साबित कर दिया है कि संकल्प और प्रतिभा के बल पर वैश्विक पटल पर पहचान बनाई जा सकती है।

 

रिपोर्ट विजयलक्ष्मी तिवारी

Leave a Comment

सबसे ज्यादा पड़ गई

मिशन शक्ति फेज-6.0 के अंतर्गत थाना जंसा पुलिस द्वारा परिवार परामर्श केंद्र से लाभान्वित परिवारों को सम्मानित करने एवं छात्राओं को नारी सुरक्षा, नारी सम्मान व नारी स्वावलंबन के प्रति जागरूक करने के संबंध में।