सरकारी नोटिस उखाड़ फेंका, धड़ल्ले से चल रहा काम
मामले में सबसे चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब राजस्व विभाग की टीम ने शिकायत के बाद निर्माण स्थल पर जाकर बकायदा कानूनी नोटिस चस्पा किया था। लेकिन भू-माफिया के हौसले इतने बुलंद हैं
कि प्रशासनिक कार्रवाई के कुछ ही समय बाद उस सरकारी नोटिस को फाड़कर फेंक दिया गया और वहां दोबारा से निर्माण कार्य शुरू करवा दिया गया। इस दुस्साहस ने राजस्व विभाग और स्थानीय प्रशासन की साख को पूरी तरह से कटघरे में खड़ा कर दिया है।
न नक्शा पास, न मंजूरी: ग्राम समाज की जमीन पर कब्जा
सूत्रों से मिली पुख्ता जानकारी के मुताबिक, इस अवैध फैक्ट्री और कमर्शियल बिल्डिंग के निर्माण के लिए उन्नाव शुक्लागंज विकास प्राधिकरण (यूएसडीए) से कोई मानचित्र (मैप) तक पास नहीं कराया गया है। बिना किसी तकनीकी और कानूनी मंजूरी के इतनी बड़ी बहुमंजिला इमारत खड़ी कर दी गई।
इतना ही नहीं, निडरता की हद पार करते हुए ग्राम समाज की गाटा संख्या 1164 (रकबा 0.3350) की सरकारी भूमि को भी इस निजी निर्माण के भीतर मिला लिया गया है।







